गाजीपुर। अपर सत्र न्यायाधीश तृतिय संजय कुमार यादव की अदालत ने गुरुवार को हत्या के मामले में पिता पुत्र सहित 4 लोगो को आजीवन कारावास से दण्डित करते हुए प्रत्येक पर 75-75 हजार रुपये के अर्थदंड से दंडित किया है। अभियोजन के अनुसार थाना भावरकोल के गांव शेरपुर खुर्द की माधुरी राय ने 30 दिसम्बर 2015 को इस आशय का तहरीर दिया कि सुबह 10 बजकर 15 मिनट पर उसके पति अशोक राय उर्फ लल्लन राय व गांव के पाटीदारों के साथ दरवाजे पर बैठे थे और वादनी भी साथ थी कि उसके गांव के दामोदर राय उर्फ बड़क राय व उसका भाई दिगम्बर राय उर्फ लालू व संजय राय और उत्कर्ष राय हथियारो से लैश होकर गालियां देते हुए दरवाजे पर आ गए और कहने लगे कि साले को जान से मार दो कहते ही मेरे पति के ऊपर फायर कर दिया पति को लेकर सदर अस्पताल आई जहाँ से डॉक्टर ने BHU वाराणसी के लिए रेफर कर दिया जहाँ दौरान इलाज उनकी मौत हो गईं सूचना के आधार पर आरोपियो के विरुद्ध थाना भांवरकोल में मुकदमा दर्ज हुआ। विवेचना तात्कालीन थानाध्यक्ष विपिन सिंह ने शुरू की और 3 आरोपियो दामोदर राय, दिगम्बर राय व संजय राय के विरुद्ध न्यायालय में आरोप पत्र प्रेषित किया। दौरान विचारण गवाहों के बयान के आधार पर और वादिनी के दरखास्त पर विचार करते हुए न्यायालय आरोपी उत्कर्ष राय को बतौर मुलजिम तलब किया। दौरान विचारण अभियोजन की तरफ से सहायक शासकीय अधिवक्ता जयप्रकाश सिंह ने कुल 8 गवाहों को पेश किया सभी गवाहों ने अपना अपना बयान न्यायालय में दर्ज कराया। दोनो तरफ की बहस सुनने के बाद न्यायालय ने चारों आरोपियों को उपरोक्त सजा सुनाते हुए अर्थदंड की धनराशि में से 60 प्रतिसत की धनराशि वादिनी माधुरी राय को देने का आदेश दिया और साथ ही साथ मुकदमे के विवेचक विपिन सिंह के विरुद्ध विवेचना में लापरवाही बरतने पर मुकदमा दर्ज करने का आदेश देते हुए आदेश प्रति तत्काल पुलिस अधीक्षक व जिला मजिस्ट्रेट ग़ाज़ीपुर के साथ पुलिस महानिदेशक लखनऊ को पत्र प्रषित करने का आदेश दिया है
