शिवकुमार
गाजीपुर। सैदपुर तहसील के किसान परिवार से यूपी सहित पांच राज्योंथ के शराब व्यावसाय में अपने कुशल रणनीति से शिवशंकर सिंह ने गाजीपुर की एक पहचान बनायी थी। शराब के बड़े व्य वसायी पौंटी चड्ढा, बद्री जायसवाल जैसे दिग्गवज शिवशंकर सिंह से हाथ मिलाने के लिए हमेशा ललायीत रहते थे। शिवशंकर सिंह ने देश प्रदेश में अपनी एक ब्रांड बनायी थी। बडे राजनीतिक दलों द्वारा सांसदी, विधायकी का चुनाव लड़ने के लिए खुला आफर दिया गया था लेकिन शिवशंकर सिंह ने खुद को सकिय राजनीति में न उतर कर अपने परिवार वालों को सांसद, एमएलसी और जिला पंचायत अध्यवक्ष व ब्लाोक प्रमुख बनवाया। सभी राजनीतिक दलों के बड़े नेताओं से उनके पारिवारिक संबंध थे। शिवशंकर सिंह के दरवाजे हमेशा राजनीतिक दलों और जरुरतमंदों के लिए खुले रहते थे। जो भी जरुरतमंद आता वह उनके दरवाजे से खुश होकर जाता था। शिवशंकर सिंह पुत्र द्वारिका सिंह का जन्मे 31 दिसंबर 1940 में एक किसान के परिवार में हुआ था। उनके तीन भाई और दो बहने थीं। शिवशंकर सिंह ने सैदपुर तहसील में साइकिल स्टैं ड का पहला ठेका लिया था इसके बाद वह सैदपुर कस्बें में तत्काललीन शराब के बड़े व्यधवसायी को मात देते हुए देशी शराब का ठेका लिया। इस ठेके के बाद अपने कुशल रणनीति और व्यकवहार के चलते शिवशंकर सिंह कुछ ही वर्षों में गाजीपुर सहित पूरे प्रदेश के शराब व्यलवसाय में अपना सिक्काच जमा लिया। शीघ्र ही शिवशंकर सिंह की शोहरत अन्हेग प्रदेशों में होने लगी। शिवशंकर सिंह ने अपना व्यअवसाय मध्यशप्रदेश, राजस्थांन, हरियाणा सहित पांच प्रदेशों में फैला लिया। शिवशंकर सिंह के पास पैसा और पॉवर होते हुए भी कभी भी वह राजनैतिक महत्वेकांक्षा नही पाले। बहुत ही कम समय में अपने पत्नीप और तीन बच्चों को खो देने के बाद भी अपने दुख को दूसरे के दुख को बांटने में लगा दिया और सामाजिक सहयोग धर्म अपना लिया। वह समाज के सभी जरुरतमंदों की मदद करते थे। उन्हीे के पहल पर उनके बड़े पुत्र बबलू सिंह ने सैदपुर में राष्ट्री य स्र्कर का क्रिकेट दुर्नामेंट लगातार करीब एक दशक तक करवाया जिसमे राष्ट्री य स्ततर के खिलाडि़यों ने भाग लिया और सैदपुर क्रिकेट की नर्सरी बन गयी। शिवशंकर सिंह का भाजपा के केंद्रीय मंत्री राजनाथ सिंह, महेंद्र पांडेय, राज्यटपाल कलराज मिश्र से पारिवारिक रिश्तेर हैं। इसी तरह सपा, बसपा के बड़े नेताओं से भी इनके अच्छेल संबंध थे। शिवशंकर सिंह लगातार अपने पैतृक गांव अहिरौली के 40 वर्ष तक ग्राम प्रधान रहे और अंतिम दम तक अपने गांव और सैदपुर के विकास के लिए तत्प र रहे। शिवशंकर सिंह के अनुरोध पर ही तत्कारलीन पीडब्यूपने डी मंत्री कलराज मिश्र ने सैदपुर में गंगा पुल का शिलान्यारस किया था। लंबी बीमारी के बाद शिवशंकर सिंह ने 14 अक्टूसबर 2023 को कौशिक सदन में अंतिम सांस ली।
Home / ग़ाज़ीपुर / कुशल रणनीति के बल पर शिवशंकर सिंह ने बनाई जिले से लेकर देश के कई राज्यो में गाजीपुर की पहचान
[smartslider3 slider="4"]
Check Also
सफाईकर्मियों की लापरवाही से हरिहरपुर कालीधाम में सफाई का अभाव
गाजीपुर। गांवों की सफाई व्यवस्था को सुदृढ़ रखने के लिए सभी ग्राम पंचायतों में सफाईकर्मियों …